मंदिर व स्थान ›पट्टिका 303 · पड़ाव 42 / 141
कमल सरोवर
🎧 ऑडियो कथा · लगभग 1 मिनट · Kamal Sarovar
पारंपरिक रूप से जलकुंड अथवा पुष्करिणी भारतीय मंदिरों का अभिन्न अंग रहे हैं। इसी तथ्य को दृष्टिगत रखते हुए नंदीद्वार के निकट कमल सरोवर निर्मित किया गया है। आदियोगी शिव की प्रतिमा कमल पुष्पों से घिरी हुई सरोवर के मध्य में स्थित है। योग परंपरा में कमल योगी के चक्र, आत्मोन्नति तथा अध्यात्मिक विकास का प्रतीक है। सरोवर के फव्वारे वातावरण के सौंदर्य व शीतलता में वृद्धि करते हैं।

सुनेंआवाज़
▶सप्तऋषि मण्डल एवं शिव स्तम्भलगभग 6 मिनट
▶किंगडम ऑफ़ लार्ड शिवालगभग 1 मिनट
▶नवग्रह मंडललगभग 7 मिनट
▶नीलकंठ महादेव और समुद्र मंथनलगभग 4 मिनट
▶भैरव मंडपमलगभग 6 मिनट
▶त्रिपथ मंडपमलगभग 1 मिनट▶भगवान शिव का शृंगार 1लगभग 1 मिनट▶भगवान शिव का शृंगार 2लगभग 1 मिनट
▶वीरभद्र द्वारा दक्ष का सर काटनालगभग 1 मिनट
▶महर्षि भरद्वाजलगभग 1 मिनट
▶महर्षि विश्वामित्रलगभग 1 मिनट
▶महर्षि वशिष्ठलगभग 1 मिनटपूरी यात्रा →